रायपुर। बड़े हमलों में माओवादी सरगना रमन्ना उर्फ संतोष रावुला श्रीनिवास ने अहम भूमिका निभाई है। हाल ही में छत्तीसगढ़ पुलिस ने रमन्ना पर 40 लाख रुपए का इनाम घोषित किया है। इसके साथ उसका नाम सबसे बड़े इनामी नक्सलियों में शामिल हो गया है। 4 राज्यों में उस पर कुल 1 करोड़ 37 लाख रुपए का इनाम घोषित हो चुका है। पुलिस को शक है झीरमघाटी हमले में भी इसने अहम भूमिका निभाई थी।
छत्तीसगढ़ पुलिस के 5 इनामी नक्सलियों की सूची जारी की है। नईदुनिया ने इनामी नक्सलियों के बारे में पड़ताल की तो रमन्ना के बारे में चौंकाने वाली जानकारी मिली। रमन्नाा 1992 से वांटेड लिस्ट में है। छत्तीसगढ़ में बीते 10 सालों से तलाश की जा रही है।
अफसरों के मुताबिक रमन्ना ने आंध्र प्रदेश में बतौर नक्सल सदस्य कई संगीन अपराध किए। फिर तेलंगाना और झारखंड में सक्रिय हुआ, इसके बाद छत्तीसगढ़ की कमान संभाली। आंध्र प्रदेश में रमन्नाा पर 60 लाख, तेलंगाना में 25 लाख, झारखंड में 12 लाख रुपए का इनाम घोषित है।
छत्तीसगढ़ पुलिस अब नक्सल प्रभावित गांवों में रमन्ना और बाकी वांटेड नक्सलियों के बैनर-पोस्टर जारी कर रही है। पुलिस मुख्यालय ने नक्सलियों के बैनर-पोस्टर गांवों में जारी किए हैं। इन्हें जिंदा या मुर्दा पकड़ने अथवा सूचना देने वाले को इनाम दिया जाएगा।
ये हैं पांच इनामी नक्सली :
1. कुमारी विनोजा, इनाम राशि 8 लाख रु.
कमांडर प्लाटून नंबर 09
2. माड़वी मंगली, इनाम राशि 3 लाख रु.
कमांडर सेक्शन 02
3. रवि उर्फ रविसन्ना, इनाम राशि 5 लाख रु.
कमांडर केरलापाल एलजीएस
4. सुरेंद्र उर्फ माड़वी सिमा उर्फ रघु, इनाम 10 लाख रु.
सचिव दरभा सब डिवीजन
5. कुमारी सोड़ी लिंगे, इनाम 5 लाख
कमांडर पेद्दावोड़केल एलओएस
10 हजार का ईनामी था रमन्ना
पुलिस के अनुसार 1990 के बाद रमन्ना के बारे में पता चला। तब वह आंध्र प्रदेश में सक्रिय था। उस वक्त वह वांटेड लिस्ट में था। पहली बार जारी वांटेड की सूची में उस पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था।
लंबे समय से तलाश
माओवादी कैडर में रमन्ना की लंबे समय से तलाश है। प्रदेश में हुए बड़े हमलों में उसकी संलिप्तता रही है।
