भारत के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री समेत तमाम वीवीआईपी की बेहद मजबूत सुरक्षा घेरे में तैनात सुरक्षा गार्डों पर आपने कभी ध्यान दिया है ? अगर नहीं तो हम आपको बताते हैं, गौर करें तो पाएंगे कि सुरक्षा में तैनात इन एसपीजी कमांडो की आंखों पर हमेशा काला चश्मा चढ़ा होता है, आखिर किन खास वजहों से इन सुरक्षाकर्मियों की आंखों पर हमेशा काला चश्मा चढ़ा रहता है ?
सुरक्षाकर्मी या बॉडीगार्ड की आंखें हमेशा काले चश्मे में इसलिए छुपी रहती हैं ताकि कोई उनकी आंखों को देख ना सके कि वह किस ओर देख रहे हैं, दरअसल, सुरक्षाकर्मी मुस्तैदी के दौरान असल में कहां देख रहे हैं, इस बात को छुपाने के लिए ही वो काला चश्मा पहनते हैं।
आंखों से पढ़ लेते हैं दिमाग की हर बात
इन सुरक्षाकर्मियों को विशेष ट्रेनिंग दी जाती है जिसमें इनको आंखों से दिमाग की हर एक बात को पढ़ने की तरकीब सिखाई जाती है, ये लोग इस तरह से प्रशिक्षित होते हैं कि आंख और शरीर की भाषा पढ़कर आपके अगले कदम को पहले ही पढ़ सकते हैं, सामने वाला दुश्मन इस बात को भांप न सके, इसके लिए वह हमेशा काले चश्मे का इस्तेमाल करते हैं।
ये भी पढ़िए : तो इसलिए प्रधानमंत्री के बॉडीगार्ड्स रखते हैं ब्रीफ़केस…
ये भी पढ़िए : तो इसलिए प्रधानमंत्री के बॉडीगार्ड्स रखते हैं ब्रीफ़केस…
किसी भी तरह के खतरे से बचना
सुरक्षाकर्मी एक और खास वजह से काला चश्मा पहनते हैं, अगर कभी धूल, बम, गोलीबारी या फिर किसी भी वजह से अगर उन्हें कठोर हालात का सामना करना पड़े तो उनकी आंखें पूरी तरह से सुरक्षित रहें और वह सब कुछ साफ-साफ देख सकें, इसलिए वह इस चश्मे का इस्तेमाल करते हैं ताकि वो मुस्तैद रहकर सुरक्षा प्रदान कर सकें।
धूप या तेज रोशनी से खुद को बचाना
जब धूप ज्यादा होती है तो उस दौरान आंखें ज्यादा देर तक धूप को सहन नहीं कर पाती है और जब आप बाहर से अंदर आते हैं तो आपको ज्यादा साफ नहीं दिखता है, साथ ही कई बार अलग-अलग रोशनी की वजह से भी आंखों पर प्रभाव पड़ता है और इसी से बचने के लिए बॉडीगार्ड या फिर सिक्यॉरिटी गार्ड काले चश्मे का इस्तेमाल करते हैं।
